दाल रोटी चावल सदियों से नारी ने इसे पका पका कर राज्य किया हैं , दिलो पर , घरो पर। आज नारी बहुत आगे जा रही हैं सब विधाओं मे पर इसका मतलब ये नहीं हैं कि वो अपना राज पाट त्याग कर कुछ हासिल करना चाहती हैं। रसोई की मिलकियत पर से हम अपना हक़ तो नहीं छोडेगे पर इस राज पाट का कुछ हिस्सा पुरुषो ने होटल और कुछ घरो मे भी ले लिया हैं।

हम जहाँ जहाँ ये वहाँ वहाँ

Sunday, October 17, 2010

मैगी के कटलेट्स

मैगी अब सिर्फ बच्चों के खाने की चीज़ नहीं रही। बनाने में आसान और खाने में भी मजेदार (बशर्ते आप रोज़ रोज़ ना खा रहे हों!) यूं तो बारिश और ठण्ड में मैगी का मज़ा और भी बढ़ जाता है, लेकिन अगर आप कुछ नया आजमाना चाहें तो मैगी के कटलेट्स बना के देखिये।

बनाना बेहद आसान! मैगी बना लीजिये, थोडा नमक, मिर्च ऊपर से डाल दीजिये। पानी थोड़ा कम रखियेगा जिससे वो ज्यादा गीली ना हो. अब घर में ब्रेड तो होगी ही। मैगी की मात्रा के मुताबिक़ ब्रेड का चूरा बना लीजिये। चूरे को मैगी में अच्छे से मिला लीजिये। आप चाहें तो मिश्रण में धनिया, पुदीना, करी पत्ता, हरी मिर्च वगैरह भी मिला सकते हैं।

अब इस मिश्रण की टिक्कियाँ बना लीजिये और एक नॉन-स्टिक पैन में कम तेल में तल लीजिये। (मैंने कम तेल में तले, आप चाहें तो ज्यादा में तलिए!) बस हो गए मैगी के कटलेट्स तैयार!

ट्राई कीजियेगा और बताइयेगा कैसे लगे.

2 comments:

रचना said...

maene yae banaaye nahin haen khaayae haen kisi kae yahan swaadisht they unhoney aaloo , bread ki tikki kae upar magii ko lagaaya thaa

thanks for the post

Mrs. Asha Joglekar said...

hmmm majedar lag rahe hain.