दाल रोटी चावल सदियों से नारी ने इसे पका पका कर राज्य किया हैं , दिलो पर , घरो पर। आज नारी बहुत आगे जा रही हैं सब विधाओं मे पर इसका मतलब ये नहीं हैं कि वो अपना राज पाट त्याग कर कुछ हासिल करना चाहती हैं। रसोई की मिलकियत पर से हम अपना हक़ तो नहीं छोडेगे पर इस राज पाट का कुछ हिस्सा पुरुषो ने होटल और कुछ घरो मे भी ले लिया हैं।

हम जहाँ जहाँ ये वहाँ वहाँ

Friday, June 20, 2008

खट्टा ढोकला बनाएं

सामग्री – तीन कप चावल, एक कप उडद धुली, आधा कप खट्टा दही, हरी मिर्च, अदरक का पेस्ट, तीन चौथाई चम्मच सोड़ा बाय कार्ब, हींग, काली मिर्च, हरी धनिया।विधि- चावल, दाल अलग-अलग भिगोएं, सुबह पीस लें। इस मिश्रण में खट्टा दही डालें एवं गरम पानी डालें। गाढ़ा पेस्ट बनाएं। छह-सात घंटे के लिए रख दें। खमीर के लिए। खमीर उठ जाए, तो सोड़ाबाय कार्ब, हींग, अदरक, मिर्च, नमक, मिला दें और फिर फेंटे। एक थाली पर रिफाइंड लगाकर किनारे वाले बर्तन में पेस्ट डाल दें। ऊपर से काली मिर्च बुरक दें। दस मिनट तक भाप में पकाएं। ऊपर से हरी धनिया डाल दें।

5 comments:

mamta said...

अच्छी और आसान रेसिपी।
वैसे आम तौर पर बेसन का ही ढोकला बनाते है। पर ये कुछ नया है।

रचना said...

padma
blog per swaagat aur itna assan haen dhokla bannaa aap ney bataa kar bahut achcha kiya .
nayee naye receipe daaltee raehaey

रंजू ranju said...

यह विधि तो नई है बना कर देखनी पड़ेगी शुक्रिया

Lavanyam - Antarman said...

पद्मा जी ,
बढिया तरीके से समझाया खट्टा ढोकला बनाना आपने !
-ये आम के रस के मेँ डुबो कर खायेँ तो मजेदार लगता है और हरी चटनी के साथ भी नाश्ते मेँ अच्छा लगता है -बचे हुए को बघार भी सकते है!
- कढी पत्ता, काली राई , जीरा तिल, हरी मिर्च को १ चम्मच तेल मेँ कढाई मेँ या नोन स्टीक मेँ गरम होने देँ और जब राई तडकने लगे तब बचा हुआ सुफेद , खट्टा ढोकला डालेँ !
क्रीस्प होने देँ
-- नाश्ते मेँ ये भी ट्राय करेँ
- लावण्या

dr.aastha said...

bhut hi testy hai..isse mai naste mai v use kar rhi hu.kyoki isko bnane me jyda time nahi lgta.