दाल रोटी चावल सदियों से नारी ने इसे पका पका कर राज्य किया हैं , दिलो पर , घरो पर। आज नारी बहुत आगे जा रही हैं सब विधाओं मे पर इसका मतलब ये नहीं हैं कि वो अपना राज पाट त्याग कर कुछ हासिल करना चाहती हैं। रसोई की मिलकियत पर से हम अपना हक़ तो नहीं छोडेगे पर इस राज पाट का कुछ हिस्सा पुरुषो ने होटल और कुछ घरो मे भी ले लिया हैं।

हम जहाँ जहाँ ये वहाँ वहाँ

Wednesday, July 14, 2010

"एक पंथ कई काज "

"मिक्स आटा "

मै
कोइ लेख नही लिख रही हूँ |ये तो एक ऐसी सामग्री है जिससे आप कई तरह के व्यंजन बना सकते है झटपट |
इससे आप ढोकला ,चीले ,पराठे ,डोसे बना सकते है |
यह आटा घर में रहने पर आपको घंटो दाल चावल भीगने का भी इंतजार नही करना पड़ेगा |
सामग्री -एक किलो चावल ,\ किलो चना दाल ,पाव किलो उड़द दाल (मोगर)|तीनो को एक साथ चक्की पर थोडा मोटा आटा पिसवा ले |

ढोकला -
सामग्री -दो कटोरी आटा एक कटोरी खट्टा दही या छाछ ,एक चम्मच अदरक मिर्च का पेस्ट ,एक छोटा चम्मच नमक .,एक चम्मच चीनी |एक चम्मच इनो पाउडर |चुटकी भर हल्दी |हरी धनिया ,गीला कसा नारियल
छोंक के लिए कढ़ी पत्ता ,एक चम्मच तेल ,थोड़ी सी राई और चुटकी भर हींग |
विधि - छोंक का सामान छोड़कर और इनो छोड़कर सब सामग्री अच्छे से मिला ले इडली जैसा घोल हो |अब ढोकला पात्र में पानी ग्राम रखे जिसमे दोकला रखना हो उस बर्तन में थोडा सा तेल लगावे |फिर मिश्रण में इनो डाले और तुरंत ढोकला पात्र में पकने रख दे उपर से ढक्कन लगा दे |
१० से १५ मिनट तक पकाए \गैस बंद कर दे |ढोकला ठंडा होने पर चोकोर टुकड़े काट ले |
अब एक कढाई में एक चम्मच तेल गरम करे राई कढ़ी पत्ता हिंग डाले और ढोकले दाल कर अच्छे से चला ले |
एक प्लेट में निकलकर बारीक कटा धनिया और नारियल कसा हुआ डाले |हरी चटनी या नारियल की चटनी के साथ खाए स्वादिष्ट और पौष्टिक ढोकले |
डोसे -
सामग्री -एक कटोरी आटा, आधी कटोरी सूजी, एक कटोरी दही ,स्वादानुसार नमक |आवश्यकतानुसार तेल |
विधि -दही को फेंट ले पानी डालकर फिर उसमे आटा सूजी और नमक डालकर करीब दो घंटे रख दे |फिर गैस पर तवा रखे गर्म होने पर थोडा तेल डाले फिर चम्मच की सहायता से घोल डालकर डोसे की तरह फैला दे |और दोनों तरफ अच्छे से सेंक ले |गर्मागर्म नारियल की चटनी के साथ परोसे |
चीले - सामग्री - आटा एक कटोरी, आधी कटोरी मैदा एक कटोरी फेटा दही ,एक चम्मच काजू के टुकड़े एक बारीक हरीमिर्च कटी हुई ,नमक स्वाद के अनुसार ,कढ़ी पत्ते की कुछ पत्तिया, राई और आवश्यकतानुसार तेल |
इसमें गाजर कसी हुई और बारीक कटी प्याज स्वाद के अनुसार डाल सकते है \
विधि - फेटे दही में आटा मैदा नमक मिलाकर पानी की सहायता से घोल तैयार कर ले उसमे काजू हरी मिर्च गाजर कटी प्याज मिला दे |अब एक कटोरी में थोडा तेल डालकर उसे गैस पर रखकर उसमे कढ़ी पत्ता ,राई कद्कड़ाले और घोल में मिला ले |अब तवा रखे गर्म पहले तेल एक चम्मच तेल डाले फिर घोल फैला दे और दोनों तरफ सेंक ले और हरी धनिया की चटनी के साथ गर्मागर्म चिले परोसे |
परांठे -
सामग्री -दो कटोरी आटा ,एक कटोरी गेहू का आटा ,नमक ,तेल ,गुनगुना पानी |
विधि -सभी आटे मिलाकर नमक मोयन तेल का एक चम्मच डालकर कड़ा आटा गूँथ ले |आधा घंटा रख दे एक कपड़ा ढककर |फिर तिकोने पराठे या गोल परांठे धीमी आंच पर सेककर आलू के झोल या बूंदी के रायते के साथ गर्म गर्म खाए |
अब बताये ?कैसे लगा एक पंथ कई काज |

3 comments:

रचना said...

aesi receipe badae kaam ki hotee haen jab mehmaan aatey haen aur alag alag pasand kae hissab sae khanaa bantaa haen

डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री मयंक said...

बरसात के लिए तो बहुत ही उपयोगी रेसिपी लगाई है!

Mrs. Asha Joglekar said...

वाह यह आटा तो बनाकर रखना पडेगा बहुत ही कामकी चीज है ।